कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ का संवाद: दीनदयाल के एकात्म मानव दर्शन और पंच निष्ठाओं पर गहन मंथन
कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ जी से प्रेरणा लेना हर कार्यकर्ता के लिए सौभाग्य की बात है। हाल ही में, पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान-2026 के अंतर्गत दौसा जिले में आयोजित जिला प्रशिक्षण शिविर वर्ग में उनके सान्निध्य का अवसर प्राप्त हुआ। यह केवल एक प्रशिक्षण नहीं, बल्कि विचारों का एक महाकुंभ था। इस शिविर में संगठन के मूल विचारों, सांस्कृतिक राष्ट्रवाद, एकात्म मानव दर्शन एवं पंच निष्ठाओं पर विस्तृत संवाद हुआ। कर्नल राठौड़ ने स्पष्ट किया कि भारतीय जनता पार्टी के प्रत्येक कार्यकर्ता के जीवन का मार्गदर्शन " नेशन फर्स्ट, पार्टी नेक्स्ट, सेल्फ लास्ट " का मंत्र करता है। यह तीन शब्द हमारी कार्यशैली की नींव हैं। पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के एकात्म मानव दर्शन का मूल संदेश अत्यंत प्रासंगिक है। उनका मानना था कि व्यक्ति, समाज, प्रकृति और राष्ट्र - इन सभी का संतुलित एवं समग्र विकास ही भारत के उज्ज्वल भविष्य का आधार है। यह पश्चिमी भौतिकवाद और समाजवाद के बीच की तीसरी राह है। माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के मार्गदर्शन में सांस्कृतिक राष्ट्रवाद हमें अपनी जड़ों, परंपराओं, संस्...